बस्ती ,जिले के वॉल्टरगंज थाना क्षेत्र में युवक अवधेश कुमार उर्फ मोनू की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत का मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। जहां एक ओर परिजन इसे सुनियोजित हत्या बता रहे हैं, वहीं पुलिस कई बिंदुओं पर जांच में जुटी हुई है।
परिजनों के अनुसार अवधेश कुमार पत्नी से चल रहे विवाद को लेकर काफी समय से मानसिक तनाव में था। आरोप है कि 2 मई को ससुराल पक्ष एवं उनके रिश्तेदारों ने उसके साथ मारपीट की थी। इस संबंध में उसने वॉल्टरगंज थाना में शिकायत भी दी थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
बताया जा रहा है कि 5 मई को अवधेश कुमार फेसबुक लाइव पर आया था। लाइव वीडियो में उसने विशाल, राजन, रंजीत और सचिन नामक लोगों पर मारपीट करने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया था। इसके बाद वह देर रात एक कार्यक्रम में शामिल होने गया, जहां से उसके लापता होने की जानकारी सामने आई।
मृतक के भाई के मुताबिक अगले दिन एक अज्ञात नंबर से सूचना मिली कि पिपरा जापती गांव के पास रेलवे ट्रैक पर एक शव पड़ा हुआ है। मौके पर पहुंचने पर शव की पहचान अवधेश कुमार उर्फ मोनू के रूप में हुई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने पंचनामा भर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
इस मामले में थानाध्यक्ष वॉल्टरगंज सूर्य प्रकाश सिंह ने बताया कि लगाए गए आरोपों के आधार पर सास, ससुर सहित अन्य संबंधित लोगों की कॉल डिटेल, सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रथम दृष्टया युवक शराब के नशे में था और ट्रेन की चपेट में आने से उसकी मौत हुई प्रतीत हो रही है, हालांकि पुलिस हर पहलू पर गंभीरता से जांच कर रही है।
वहीं मृतक के परिजन पुलिस की इस थ्योरी से संतुष्ट नहीं हैं। उनका कहना है कि फेसबुक लाइव वीडियो इस मामले का अहम सबूत है और इसकी निष्पक्ष जांच कर आरोपितों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
